header
 
HOME  |  ABOUT US   |  CONTACT US  |  HELLO SARKAR TV

Page Heading

नरेंद्र मोदी

 

 

कालवाड़ में गोचर 1742 बीघा में से 436 बीघा बची शेष, 1306 बीघा का अता पता नहीं ???

 

हैलो सरकार संवाददाता
जयपुर। जयपुर जिले की तहसील जयपुर के ग्राम कालवाड में चरागाह भूमि 1742 बीघा 5 बिस्वा में से 436 बीघा 7 बिस्वा शेष बची है। 1305 बीघा 18 बिस्वा जमीन को जयपुर विकास प्राधिकरण ने ग्राम पंचायत कालवाड़ को बताए बिना खुर्द-बुर्द कर दिया।
जयपुर तहसील के गांव कालवाड़, पटवार हल्का कालवाड़ के सम्वत 2055 से 2058 के राजस्व रिकॉर्ड के अनुसार खसरा नंबर 142/1 रकबा 14.1000 हैक्टेयर, खसरा नंबर 143 रकबा 17.0500  हैक्टेयर, खसरा नंबर 144 रकबा 9.1500  हैक्टेयर, खसरा नंबर 168/2 रकबा 52.1600  हैक्टेयर, खसरा नंबर 293 रकबा 21.0600  हैक्टेयर, खसरा नंबर 295 रकबा 125.1900  हैक्टेयर, खसरा नंबर 609/1 रकबा 14.0100  हैक्टेयर, खसरा नंबर 612 रकबा 16.0100  हैक्टेयर, खसरा नंबर 613/1 रकबा 37.0400  हैक्टेयर, खसरा नंबर 763 रकबा 98.1300  हैक्टेयर, खसरा नंबर 857 रकबा 25.0100  हैक्टेयर, खसरा नंबर 910 रकबा 12.1000 हैक्टेयर, कुल योग 441.0100 हैक्टेयर अर्थात 1742 बीघा 5 बिस्वा भूमि थी।


वर्तमान राजस्व रिकॉर्ड के अनुसार खसरा नंबर 168/2 रकबा 10.8759 हैक्टेयर, खसरा नंबर 168/7 रकबा 0.2023 हेक्टर, खसरा नंबर 142/1 रकबा 3.6675 हेक्टर, खसरा नंबर 143 रकबा 4.3631 हेक्टेयर, खसरा नंबर 144 रकबा 2.4660 हेक्टर, खसरा नंबर 293 रकबा 5.3874 हेक्टर, खसरा नंबर 295/1 रकबा 31.6034 हेक्टर, खसरा नंबर 609/1 रकबा 2.3775 हेक्टेयर, खसरा नंबर 609/4 रखवा 1.0117 हेक्टर, खसरा नंबर 612 रकबा 4.0595 हेक्टर, खसरा नंबर 613/1 रकबा 9.4089 हेक्टर, खसरा नंबर 613/3 रकबा 0.5059 हेक्टर, खसरा नंबर 763 रकबा 24.9513 हेक्टर, खसरा नंबर 857 रकबा 6.3318 हेक्टर, खसरा नंबर 910 रकबा 0.5691 हेक्टर, खसरा नंबर 910/1 रकबा 0.1265 हेक्टर, खसरा नंबर 910/2 रकबा 1.0749 हेक्टर, खसरा नंबर 910/3 रकबा 1.3911 हेक्टर, कुल भूमि 110.3777 हेक्टेयर अर्थात् 436 बीघा 7 बिस्वा गोचर भूमि वर्तमान राजस्व रिकॉर्ड में शेष बची है। 1305 बीघा 18 बिस्वा जमीन को जयपुर विकास प्राधिकरण, जिसकी कीमत करोड़ों में नहीं अपितु अरबों रुपयों में है, का बेचान कर बेजा धन बटोरा है। जबकि उच्चतम न्यायालय के अनुसार ग्राम पंचायत ही चरागाह भूमियों का मुख्य संरक्षक होता हैं।
अब सवालिया निशान पैदा होता है कि बेजुबान गौमाता एक तरफ भूख और प्यास तथा खराब मौसम से मर रही है तो दूसरी तरफ जेडीए के माध्यम से सरकार गौ माता की संपत्ति को बेचकर अकूत धनराशि बटोर रही है। इस बारे में राजस्थान प्रदेश की जनता राजस्थान सरकार से कब जवाब मांगेगी यह तो आने वाला वक्त ही बताएगा, बहरहाल गौमाता की हालात बद से बदतर होती जा रही है।

editor@hellosarkar.com   |   marketing@hellosarkar.com   |   hellosarkarnews@gmail.com
All rights reserved by www.hellosarkar.com

HOME | ABOUT US | CONTACT US | PRIVACY POLICY | DISCLAIMER | ENGINEER